एनवायरमेंटल लाॅयर पूरी जानकारी Environmental Lawyer Information In Hindi

हॅलो ! इस पोस्ट में हम आपको एनवायरमेंटल लाॅयर (पर्यावरण वकील) कैसे बनें इसके बारे में जानकारी देने वाले हैं। वकील बहुत प्रकार के होते हैं। जैसे की क्रिमिनल लाॅयर, सिविल लाॅयर, फॅमिली लाॅयर, काॅन्स्टिट्युशनल लाॅयर, साइबर लाॅयर, एनवायरमेंटल लाॅयर आदी। बहुत लोगों का सपना होता हैं एनवायरमेंटल एडवोकेट बनना। इसलिए हम आपको इस पोस्ट में एनवायरमेंटल लाॅयर या एनवायरमेंटल ॲडवोकेट कैसे बनें इसके बारे में जानकारी देने वाले हैं।

Environmental Lawyer Information In Hindi

एनवायरमेंटल लाॅयर पूरी जानकारी Environmental Lawyer Information In Hindi

एनवायरमेंटल लाॅयर पर्यावरण के मामलों से संबंधित होते हैं। एनवायरमेंटल लाॅयर पर्यावरण के मामलों में सलाह देते हैं और पर्यावरण के मामलों की केस कोर्ट में लड़ते हैं। पर्यावरण‌ लाॅ में ध्वनी प्रदूषण, जल प्रदूषण, हवा प्रदूषण, खतरनाक रसायन, पानी की गुणवत्ता इस तरह के मामले आते हैं। एनवायरमेंटल ॲडवोकेट इस तरह के मामले संभालते हैं। एनवायरमेंटल ॲडवोकेट कैसे बनें इसके बारे में विस्तार में जानकारी प्राप्त करने के लिए हमारी पोस्ट अंत तक जरुर पढिए।‌

एनवायरमेंटल लाॅयर (पर्यावरण वकील) कैसे बनें ?

एनवायरमेंटल लाॅयर पर्यावरण के मामलों से संबंधित होते हैं। एनवायरमेंटल लाॅयर पर्यावरण के मामलों में सलाह देते हैं और पर्यावरण के मामलों की केस कोर्ट में लड़ते हैं। पर्यावरण‌ लाॅ में ध्वनी प्रदूषण, जल प्रदूषण, हवा प्रदूषण, खतरनाक रसायन, पानी की गुणवत्ता इस तरह के मामले आते हैं। एनवायरमेंटल ॲडवोकेट इस तरह के मामले संभालते हैं। अभी हमारा पर्यावरण बहुत प्रदुषित हो रहा हैं। इसलिए पर्यावरण वकीलों‌ की मांग बहुत बढ़ रही हैं। आप एनवायरमेंटल लाॅ इस विषय में अच्छी पढ़ाई और प्रॅक्टीस करके अच्छे एनवायरमेंटल लाॅयर बन सकते हैं।

एनवायरमेंटल लाॅयर और एनवायरमेंटल एडवोकेट में क्या फर्क हैं ?

बहुत लोगों को ऐसा लगता हैं की लाॅयर और एडवोकेट एक ही हैं लेकिन ऐसा नहीं हैं लाॅयर और एडवोकेट में बहुत फर्क होता हैं। एनवायरमेंटल लाॅयर और एनवायरमेंटल एडवोकेट में बहुत फर्क है। एनवायरमेंटल लाॅयर वह होता हैं जो सिर्फ एलएलबी की डिग्री प्राप्त करता हैं और एनवायरमेंटल लाॅ में प्रेक्टिस करता हैं। एनवायरमेंटल लाॅयर सिर्फ लोगों को सलाह दे सकता हैं। एनवायरमेंटल लाॅयर कोर्ट में केस नहीं लढ़ सकता। एनवायरमेंटल एडवोकेट वह होते हैं जो एलएलबी की डिग्री लेने के बाद बार काउंसिल ऑफ इंडिया की एग्जाम पास करके लाइसेंस प्राप्त करते हैं। एनवायरमेंटल एडवोकेट लोगों को सलाह देने के साथ साथ लोगों की केस कोर्ट में लढ़ भी सकते हैं।

एनवायरमेंटल लाॅयर या एनवायरमेंटल एडवोकेट कैसे बनें ?

  • अगर आप एनवायरमेंटल एडवोकेट बनना चाहते हैं तो‌ आपको सबसे पहले 12th या ग्रेजुएशन में पास होना होगा। 12th या ग्रेजुएशन में 45% मार्क से पास होना एलएलबी कोर्स में एडमिशन लेने के लिए जरूरी है।
  • 12th या ग्रेजुएशन में पास होने के बाद एलएलबी डिग्री लेने के लिए आपको सबसे पहले किसी लाॅ काॅलेज में एडमिशन लेना पड़ता हैं।
  • अगर आप 12th के बाद एलएलबी के कोर्स के लिए एडमिशन लेना चाहते हैं तो आपको पांच साल का एलएलबी का कोर्स करना पड़ेगा और अगर आप ग्रेजुएशन के बाद एलएलबी के कोर्स के लिए एडमिशन लेना चाहते हैं तो आपको तीन साल का एलएलबी का कोर्स करना पड़ेगा।
  • अब लाॅ काॅलेज में एडमिशन लेने के लिए कुछ युनिवर्सिटी में एंट्रेंस एग्जाम देनी पड़ती हैं। आपको सबसे पहले यह देखना पड़ेगा की आप जिस लाॅ काॅलेज में एडमिशन लेना चाहते हैं उस काॅलेज में एडमिशन लेने के लिए एंट्रेंस एग्जाम देनी पड़ती हैं की नहीं। यह आपको आपके बोर्ड एग्जाम के एक साल पहले ही देखना पड़ेगा। क्योंकी एंट्रेंस एग्जाम के फाॅर्म आपकी बोर्ड एग्जाम होते ही जल्दी भी निकल जाते हैं।
  • अगर आप जिस लाॅ काॅलेज में एडमिशन लेना चाहते हैं उधर एडमिशन लेने के लिए एंट्रेंस एग्जाम कंपल्सरी हैं तो आपको एंट्रेंस एग्जाम का फाॅर्म भरकर अच्छे मार्क से एंट्रेंस एग्जाम क्लियर करनी हैं।
  • संवैधानिक वकील पूरी जानकारी
  • एंट्रेंस एग्जाम क्लियर करने के बाद आप जिस लाॅ काॅलेज में एडमिशन लेना चाहते हैं उस लाॅ काॅलेज में एडमिशन लेना हैं। एडमिशन लेते समय आपको लाॅ काॅलेज की फी‌ और दस्तावेज जमा करने होंगे।
  • लाॅ काॅलेज में एडमिशन होने के बाद आपको अच्छी तरह से सभी लाॅ के विषयों की पढ़ाई करनी हैं। आप एनवायरमेंटल लाॅयर बनना चाहते हैं इसलिए आपको एनवायरमेंटल लाॅ इस विषय पर ज्यादा से ज्यादा ध्यान देना हैं। आपको एनवायरमेंटल लाॅ की अच्छी पढ़ाई करनी हैं और एलएलबी की डिग्री प्राप्त करनी हैं।
  • अगर आप एक अच्छे एनवायरमेंटल एडवोकेट बनना चाहते हैं तो एलएलबी कोर्स के दुसरे या तिसरे साल से ही किसी अच्छे एनवायरमेंटल एडवोकेट के पास प्रॅक्टीस शुरू करें। इससे आपको बहुत अनुभव मिलेगा और आप सभी काम बहुत ही जल्दी सिख जाएंगे।
  • एलएलबी की डिग्री के बाद आपको बार काउंसिल ऑफ इंडिया की एग्जाम देनी पड़ती हैं। बार काउंसिल ऑफ इंडिया के एग्जाम में क्लियर होने के बाद आपको लाइसेंस मिल जाता हैं। लाइसेंस मिलने के बाद आप कोर्ट में केस लड़ सकते हैं। एलएलबी डिग्री लेने के बाद भी एक दो साल किसी अच्छे एनवायरमेंटल एडवोकेट के पास प्रॅक्टीस करना जरूरी हैं। इस तरह से आप
    एनवायरमेंटल एडवोकेट बन सकते हैं।

FAQ

एनवायरमेंटल एडवोकेट कौन है ?

एनवायरमेंटल लाॅयर पर्यावरण के मामलों से संबंधित होते हैं। एनवायरमेंटल लाॅयर पर्यावरण के मामलों में सलाह देते हैं और पर्यावरण के मामलों की केस कोर्ट में लड़ते हैं।

पर्यावरण लाॅ के अंतर्गत कौन कौनसे विषय आते हैं ?

पर्यावरण‌ लाॅ में ध्वनी प्रदूषण, जल प्रदूषण, हवा प्रदूषण, खतरनाक रसायन, पानी की गुणवत्ता इस तरह के मामले आते हैं।

क्या लाॅ काॅलेज में एडमिशन लेने के लिए एंट्रेंस एग्जाम देना जरूरी होता है ?

हां। कुछ लाॅ काॅलेज में एडमिशन लेने के लिए एंट्रेंस एग्जाम देना जरूरी होता है।

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